सीपीएन (यूएमएल) के अध्यक्ष केपी शर्मा ओली
नेपाली संसद के बजट सत्र में मुख्य विपक्षी दल सीपीएन (यूएमएल) ने प्रधानमंत्री पुष्प कमल दहल 'प्रचंड' से माओवादी लड़ाकू शिविर घोटाले की जांच कराने की मांग की है। सदन में सीपीएन (यूएमएल) के मुख्य सचेतक पदम गिरी ने रविवार को यह मुद्दा उठाया।
फर्जी भूटानी शरणार्थियों के मामले में सीपीएन (यूएमएल) के नेताओं के खिलाफ प्रचंड सरकार द्वारा कार्रवाई तेज करने के बाद ये ताजा प्रतिक्रिया आई है। सीपीएन (यूएमएल) के अध्यक्ष केपी शर्मा ओली ने एक कार्यक्रम में प्रचंड सरकार पर उनकी पार्टी के नेताओं के खिलाफ अभियान चलाने का आरोप लगाया।
विपक्षी दल राष्ट्रीय प्रजातंत्र पार्टी के अध्यक्ष राजेंद्र प्रसाद लिंगडन ने भी प्रचंड को माओवादी लड़ाकू शिविर घोटाले की जांच कर खुद को साफ-सुथरा साबित करने की चुनौती दी। उल्लेखनीय है कि नेपाल सरकार ने शांति प्रक्रिया के तहत माओवादी लड़ाकों को समाज की मुख्यधारा में वापसी के लिए एक योजना शुरू की थी। इसमें करोड़ों रुपयों के भ्रष्टाचार का आरोप लगा है। हालांकि इन आरोपों की अभी जांच नहीं हुई है।
इसी बीच फर्जी भूटानी शरणार्थियों के मामले में सीपीएन (यूएमएल) के नेताओं के शामिल होने की रिपोर्ट के बाद से यह मुद्दा जोर-शोर से उठाया जाने लगा है। सीपीएन (यूएमएल) के नेताओं ने शरणार्थियों के मामले में नेपाली कांग्रेस के भी कुछ नेताओं की जांच की मांग शुरू कर दी है। इससे नेपाल में सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच टकराव की स्थिति उत्पन्न हो गयी है।